Vinkmag ad

शिवराज सिंह ने लॉन्च किया ‘लखपति दीदी डैशबोर्ड’ और ‘शी लीप्स’ प्लेटफॉर्म, छह करोड़ महिलाओं को लखपति बनाने का लक्ष्य

Vinkmag ad

नई दिल्ली, वायरल सच (हि.स.): केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार को ग्रामीण महिलाओं के सशक्तीकरण के लिए ‘लखपति दीदी डैशबोर्ड’ और ‘शी लीप्स’ प्लेटफॉर्म लॉन्च किया। पूसा परिसर में आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय ग्रामीण विकास सम्मेलन ‘ग्रामोदय से राष्ट्रोदय’ के दूसरे दिन उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लखपति दीदी योजना का लक्ष्य तीन करोड़ से बढ़ाकर छह करोड़ महिलाओं तक कर दिया है। इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए अगले पांच वर्षों में 10 लाख करोड़ रुपये का बैंक लिंकिंग रोडमैप तैयार किया गया है।

शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए राज्यों को समय पर अपना वित्तीय अंश जारी करना होगा। उन्होंने ग्रामीण विकास विभागों में रिक्त पदों को शीघ्र भरने, अधिकारियों के बार-बार तबादलों पर रोक लगाने तथा जिम्मेदार पदों पर कम से कम दो से तीन वर्ष तक अधिकारियों की तैनाती सुनिश्चित करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार, जनजागरूकता, सोशल ऑडिट और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित मॉनिटरिंग प्रणाली को मजबूत करने पर भी जोर दिया।

केंद्रीय मंत्री ने प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना और दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि कई राज्यों ने उत्कृष्ट कार्य किया है, जबकि कुछ राज्यों को अपने प्रदर्शन में सुधार की जरूरत है।

सम्मेलन में देशभर के 29 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के ग्रामीण विकास मंत्रियों, वरिष्ठ अधिकारियों और नीति-निर्माताओं के साथ विभिन्न योजनाओं की समीक्षा के अलावा “विकसित ग्राम–विकसित भारत” के लक्ष्य को साकार करने की रणनीतियों पर भी व्यापक मंथन हुआ।

अपने संबोधन में शिवराज सिंह चौहान ने कहा, “गांव केवल धूल-मिट्टी या चौपाल का नाम नहीं, बल्कि भारत की शक्ति, चेतना और आत्मा हैं। यदि विकसित भारत का निर्माण करना है तो गांवों का समृद्ध और विकसित होना अनिवार्य है।”

उन्होंने कहा कि पहली बार 29 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के ग्रामीण विकास मंत्री एक मंच पर एकत्र हुए हैं। सम्मेलन में उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा सहित विभिन्न राज्यों के मंत्री और वरिष्ठ प्रतिनिधियों ने भाग लिया। उन्होंने इसे सहकारी संघवाद का सशक्त उदाहरण बताया, जहां राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर विकास पर चर्चा की गई।

शिवराज सिंह चौहान ने झारखंड, बिहार, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश के सफल मॉडलों, जैसे मल्टी-चैनल मार्केटिंग, सामुदायिक उद्यम और हाउसहोल्ड आजीविका ऋण योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इन श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों को अन्य राज्यों के साथ साझा किया जाएगा, ताकि उन्हें पूरे देश में लागू किया जा सके। उन्होंने कहा कि यदि राज्यों को किसी नियम या प्रक्रिया में व्यावहारिक कठिनाई आती है तो ग्रामीण विकास मंत्रालय कैबिनेट और वित्त मंत्रालय के साथ मिलकर आवश्यक संशोधनों पर विचार करेगा।

संभावित कम बारिश को देखते हुए केंद्रीय मंत्री ने 14 राज्यों को सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने जल संरक्षण संरचनाओं को मजबूत करने और ग्रामीण क्षेत्रों में अतिरिक्त रोजगार की अग्रिम तैयारी करने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी परिस्थिति का प्रभावी ढंग से सामना किया जा सके।

सम्मेलन के दौरान युवाओं और नवाचार को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित वीबी-जी राम कार्यक्रम से जुड़ी लोगो डिजाइन, क्विज और डिजिटल कंटेंट प्रतियोगिताओं के विजेताओं को भी शिवराज सिंह चौहान ने सम्मानित किया।

Read Previous

बिजली कटौती से धान की रोपाई पर मंडराया संकट,भूना में फूटा किसानों का गुस्सा

Read Next

तेलंगाना में 99 दिवसीय स्वच्छता अभियान को 6.5 लाख घरों तक पहुंचाया गया

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Most Popular