तेलंगाना में 99 दिवसीय स्वच्छता अभियान को 6.5 लाख घरों तक पहुंचाया गया

नई दिल्ली, वायरल सच (हि.स.): तेलंगाना में स्वच्छ भारत मिशन-शहरी (एसबीएम-यू 2.0) के तहत मार्च से जून तक चलाए गए 99 दिवसीय विशेष स्वच्छाता अभियान के दौरान 6.5 लाख से अधिक घरों तक पहुंचकर लोगों को कचरा पृथक्करण और घरेलू खाद निर्माण के प्रति जागरूक किया गया, जबकि हजारों नागरिकों ने स्वच्छता से जुड़े विभिन्न कार्यक्रमों में भागीदारी की।

केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय के अनुसार, यह अभियान राज्य में वर्ष 2025 में चलाए गए 100 दिवसीय स्वच्छता अभियान की सफलता को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से संचालित किया गया था। इसका लक्ष्य शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवहार को मजबूत करना, नागरिकों की भागीदारी बढ़ाना और शहरी सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार लाना था।

अभियान के दौरान शहरी स्थानीय निकायों में व्यापक जनजागरूकता गतिविधियां आयोजित की गईं। घर-घर संपर्क अभियान के माध्यम से 6.5 लाख से अधिक परिवारों को स्रोत स्तर पर कचरा पृथक्करण और घरेलू कंपोस्टिंग के बारे में जानकारी दी गई। इसके साथ ही नागरिकों को स्वच्छता बनाए रखने और कचरा प्रबंधन में सहयोग करने के लिए प्रेरित किया गया।

राज्यभर में स्वच्छता रैलियां, विशेष सफाई अभियान, ‘संडे, फनडे’ कार्यक्रम, स्वास्थ्य शिविर और जनभागीदारी गतिविधियां आयोजित की गईं। अभियान के दौरान 194 विशेष सफाई अभियान चलाए गए। स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए बड़े पैमाने पर शपथ कार्यक्रम भी आयोजित किए गए, जिनमें 22,482 से अधिक नागरिकों ने भाग लिया।

मंत्रालय ने बताया कि तेलंगाना ने स्वच्छता अभियान को केवल सफाई गतिविधियों तक सीमित नहीं रखा, बल्कि इसे सार्वजनिक स्वास्थ्य, पेयजल प्रबंधन और नागरिक सहभागिता से भी जोड़ा। अभियान के तहत शहरी क्षेत्रों में सुरक्षित पेयजल आपूर्ति, शिकायत निवारण व्यवस्था को मजबूत बनाने और नागरिक सेवाओं में सुधार पर भी ध्यान दिया गया।

मंत्रालय के अनुसार, तेलंगाना पहले भी जून से सितंबर 2025 के बीच 100 दिवसीय विशेष अभियान चला चुका है। उस अभियान के दौरान 27.09 लाख परिवारों को कचरा पृथक्करण और घरेलू खाद निर्माण के बारे में जागरूक किया गया था। इसके अलावा 36,900 नागरिकों ने 250 किलोमीटर लंबी स्वच्छता रैलियों में भाग लिया था।

पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए ‘अमृत मित्र-वीमेन फॉर ट्रीज’ पहल के तहत 24,708 पौधे लगाए गए थे। वहीं 10,704 स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं ने इस अभियान में सक्रिय भूमिका निभाई थी। स्वच्छता कर्मियों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए 25,386 कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य शिविर भी आयोजित किए गए थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot Topics

Related Articles