चंडीगढ़, वायरल सच (ब्यूरो): हरियाणा विधानसभा में मंगलवार को शून्यकाल के दौरान विधायकों ने अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़े विभिन्न मुद्दे उठाए। इस दौरान सरकार से तत्काल हस्तक्षेप, नीतिगत बदलाव और स्थानीय समस्याओं के समाधान की मांग की गई।
कांग्रेस विधायक नरेश सेलवाल ने उकलाना के चार गांवों को उनकी इच्छा के अनुसार हिसार और हांसी में शामिल करने की मांग रखी। उन्होंने एसवाईएल के मुद्दे पर हरियाणा के हिस्से का पानी लेने के लिए पंजाब सरकार से बातचीत करने की बात कही। साथ ही उन्होंने हरियाणा की राजधानी और हाईकोर्ट हिसार में बनाने की मांग विधानसभा में उठाई।
विधानसभा में सफाई कर्मचारियों से जुड़े मुद्दे भी प्रमुखता से उठे। कांग्रेस विधायक रामकरण काला ने सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का मुद्दा उठाते हुए उनकी मांगों पर सुनवाई करने और उन्हें पक्का करने की मांग की। शकुंतला खटक ने भी सफाई कर्मचारियों को नियमित करने की प्रक्रिया शुरू करने की मांग रखी। उन्होंने अपने क्षेत्र के स्कूलों में खराब शौचालयों और जर्जर स्कूल भवनों का मुद्दा भी उठाया।
पूजा चौधरी ने सफाई कर्मचारियों के शोषण, मानदेय में बढ़ोतरी और कर्मचारियों को नियमित करने की मांग की। उन्होंने बिजली कर्मचारियों, ग्रामीण चौकीदारों और गरीबों को 100-100 गज के प्लॉट देने के वादे का भी मुद्दा उठाया।
कांग्रेस विधायक कुलदीप वत्स ने बिजली निगम कर्मचारियों के लिए रिस्क अलाउंस, विभिन्न परियोजनाओं में समाप्त किए गए पदों को बहाल करने, गेस्ट टीचरों को नियमित करने और नर्सिंग कैडर की महिला कर्मचारियों को दूरदराज के क्षेत्रों में स्थानांतरित नहीं करने की मांग की। उन्होंने एचकेआरएन कर्मचारियों के समान वेतन, ओपीएस लागू करने, पुलिस जवानों को पंजाब के बराबर वेतन देने तथा दमकल विभाग में खाली पद भरने और वाहनों की कमी दूर करने की मांग भी रखी।
विधायक मामन खान ने अपने क्षेत्र के 20 गांवों में जलभराव की समस्या उठाई। उन्होंने प्रभावित किसानों की विशेष गिरदावरी करवाकर मुआवजा देने की मांग की। वहीं सुनील सांगवान ने बौंद और दादरी डिस्ट्रीब्यूटरी में पानी के बंटवारे की समस्या का मुद्दा उठाते हुए सिंचाई व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की।
गुरुग्राम के बस स्टैंड और जलभराव का मुद्दा
भाजपा विधायक मुकेश शर्मा ने गुरुग्राम के जर्जर बस स्टैंड की जगह 14-15 एकड़ जमीन पर आधुनिक बस स्टैंड बनाने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि गुरुग्राम कॉरपोरेट हब है, इसलिए बस स्टैंड के ऊपर मॉल जैसी सुविधा भी विकसित की जा सकती है। उन्होंने शहर की करीब 100 कच्ची कॉलोनियों में सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग भी रखी।
मुकेश शर्मा ने बताया कि शहर में जलभराव की स्थिति में सुधार हुआ है और पहले 76 स्थानों के मुकाबले अब करीब पांच स्थानों पर ही समस्या रह गई है।
भाजपा विधायक विनोद भयाना ने शहरों में बेसहारा पशुओं के कारण होने वाले हादसों का मुद्दा उठाया। उन्होंने खाली प्लॉटों में पशु छोड़े जाने और बाद में उनके झुंड बनने की समस्या पर सरकार से ठोस कार्रवाई की मांग की।
राजेश जून ने बहादुरगढ़ के लाइनपार और छोटूराम नगर फाटकों पर आरयूबी बनाने, आठ गांवों को नगर परिषद में शामिल कर नगर निगम बनाने, जल निकासी व्यवस्था सुधारने तथा जर्जर स्कूलों के पुनर्निर्माण की मांग रखी।
बिजली, प्रदूषण और सड़कों से जुड़े मुद्दे
बिमला चौधरी ने फसल जलने वाले किसानों को मुआवजा देने, जाटौली की सड़क पर लग रही सब्जी मंडी को अंदर शिफ्ट करने, बारिश से खराब सड़कों की मरम्मत और हेलीमंडी-जाटौली सड़क बनाने की मांग की।
देवेंद्र कादियान ने 10 साल पुराने डीजल वाहनों को केवल उम्र के आधार पर हटाने की नीति पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि यदि वाहन फिटनेस टेस्ट में सही है तो उसकी उम्र के बजाय फिटनेस को आधार बनाया जाना चाहिए।
शक्ति रानी शर्मा ने कालका-परवाणु सड़क को फोरलेन करने का काम जल्द शुरू कराने तथा मोरनी और रायपुररानी ब्लॉक को नगर पालिका बनाने की मांग विधानसभा में रखी।
