गुरुग्राम पुलिस ने विदेश में बैठे गैंगस्टरों के नेटवर्क पर कसा शिकंजा

गुरुग्राम, वायरल सच (ब्यूरो): गुरुग्राम पुलिस ने संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए विदेश में बैठे कुख्यात गैंगस्टरों के आपराधिक नेटवर्क पर शिकंजा कसा है। पुलिस ने दीपक नांदल, उसकी पत्नी मीनाक्षी और हिमांशु भाऊ से जुड़े गिरोह के सात सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में चांदनी चौक, दिल्ली का एक हवाला कारोबारी भी शामिल है।

पुलिस के अनुसार यह गिरोह गुरुग्राम समेत हरियाणा और दिल्ली-एनसीआर में संगठित अपराध चला रहा था। गिरोह के सदस्य बिल्डरों, व्यापारियों तथा बॉलीवुड, हरियाणवी और म्यूजिक इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को फोन कर अवैध वसूली और फिरौती के लिए धमकाते थे। आमजन में दहशत फैलाने के लिए गिरोह सोशल मीडिया पर वारदातों की जिम्मेदारी भी लेता था।

पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी संदीप, बलविंदर, नांदल, योगेश और शुभम सिक्का गिरोह के लिए व्यापारियों के मोबाइल नंबर जुटाने, घरों और कार्यालयों की रेकी करने तथा वसूली की रकम फरार सदस्यों तक पहुंचाने का काम करते थे। यही आरोपी गिरोह को हथियार और कारतूस उपलब्ध कराते थे।

एसीपी ललित ने बुधवार को पत्रकार वार्ता में बताया कि गिरफ्तार आरोपी गौरव अरोड़ा चांदनी चौक, दिल्ली में हवाला कारोबार करता है। पुलिस के मुताबिक अपराध से कमाई गई रकम को हवाला के जरिए गिरोह तक पहुंचाने के लिए इस नेटवर्क का इस्तेमाल किया जाता था। गौरव के कब्जे से हवाला में इस्तेमाल होने वाला आधा करेंसी नोट भी बरामद हुआ है।

जांच में सामने आया है कि गिरोह के सरगना दीपक नांदल और हिमांशु भाऊ फिलहाल विदेश में फरार हैं और सोशल मीडिया के जरिए गिरोह का संचालन कर रहे हैं। पुलिस विदेश में बैठे इन अपराधियों के स्थानीय नेटवर्क, वित्तीय लेन-देन और डिजिटल संपर्कों की जांच कर रही है।

आरोपियों का लंबा आपराधिक रिकॉर्ड

गिरफ्तार सभी सात आरोपी 30 से 35 वर्ष की उम्र के बीच हैं। इनके खिलाफ पहले से करीब ढाई दर्जन आपराधिक मामले दर्ज हैं। आरोपी योगेश पर दिल्ली-हरियाणा में मारपीट, धमकी, चोरी और शस्त्र अधिनियम के आठ मामले दर्ज हैं। संदीप हुड्डा पर रोहतक में हत्या और शस्त्र अधिनियम के दो मामले दर्ज हैं।

रोहित के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास और शस्त्र अधिनियम के दो मामले दर्ज हैं। वहीं बलविंदर पर हरियाणा में हत्या, अपहरण, शस्त्र अधिनियम और एनडीपीएस सहित 17 मामले दर्ज हैं।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चार पिस्टल, 18 जिंदा कारतूस, छह मोबाइल फोन और हवाला में प्रयोग किया गया करेंसी नोट बरामद किया है। बरामद मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की तकनीकी जांच जारी है। पुलिस का उद्देश्य गिरोह के अन्य सदस्यों और विदेश में बैठे सरगनाओं तक पहुंचना है।

एसीपी ललित ने बताया कि आरोपी योगेश, शुभम सिक्का, संदीप हुड्डा, रोहित, बलविंदर और सुरजीत रोहतक के रहने वाले हैं, जबकि आरोपी गौरव अरोड़ा पश्चिम विहार, दिल्ली का निवासी है। उन्होंने बताया कि विदेश में बैठे अपराधियों के खिलाफ इंटरपोल और अन्य संबंधित एजेंसियों के माध्यम से कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot Topics

Related Articles