Gurugram, वायरल सच (ब्यूरो): Gurugram में बढ़ता वायु प्रदूषण अब स्कूल जाने वाले बच्चों के लिए भी चिंता का विषय बनता जा रहा है। एक नई स्टडी में दावा किया गया है कि Gurugram के स्कूलों के आसपास और बच्चों के स्कूल आने-जाने के दौरान PM2.5 का स्तर राष्ट्रीय मानकों की सुरक्षित सीमा से 4 से 5.5 गुना तक अधिक पाया गया।
ट्रैफिक और खराब pedestrian infrastructure बड़ी वजह
Raahgiri Foundation और International Council on Clean Transportation (ICCT) India की स्टडी में स्कूलों के आसपास traffic congestion, pedestrian infrastructure और बच्चों के pollution exposure के बीच संबंध का अध्ययन किया गया। रिपोर्ट में बताया गया कि स्कूल समय के दौरान PM2.5 concentration राष्ट्रीय ambient air quality standards से कई गुना ऊपर रही।
स्टडी में PM10 को लेकर भी स्थिति चिंताजनक बताई गई है। PM10 का स्तर अनुमत सीमा से करीब 4 से 4.25 गुना तक अधिक पाया गया। इसका मतलब है कि समस्या केवल सड़कों पर दिखाई देने वाले धुएं या धूल तक सीमित नहीं है, बल्कि बेहद छोटे particulate matter भी बच्चों के आसपास की हवा को प्रभावित कर रहे हैं।
स्कूल जाने के दौरान बढ़ता exposure
रिपोर्ट के मुताबिक बच्चों को केवल स्कूल परिसर में ही नहीं, बल्कि स्कूल आने-जाने के दौरान भी प्रदूषण का सामना करना पड़ता है। भारी traffic, वाहनों से निकलने वाला उत्सर्जन, सड़क किनारे धूल और पैदल चलने वालों के लिए पर्याप्त infrastructure का अभाव pollution exposure बढ़ा सकता है।
यह स्थिति खासतौर पर उन स्कूलों के आसपास चिंता पैदा करती है जहां सुबह और दोपहर के समय वाहनों की भीड़ रहती है।
Clean Air Zone की जरूरत
स्टडी के आधार पर स्कूलों के आसपास Clean Air Zones विकसित करने, traffic management बेहतर करने और बच्चों के लिए सुरक्षित walking infrastructure बनाने पर जोर दिया गया है। स्कूलों के आसपास वाहनों की अनावश्यक आवाजाही कम करना और pollution monitoring बढ़ाना भी महत्वपूर्ण उपाय हो सकता है।
Gurugram प्रशासन पहले ही सर्दियों में pollution control के लिए कई उपायों पर काम कर रहा है। इनमें emission certificate की जांच, end-of-life vehicles पर कार्रवाई, monitoring और सड़क सफाई जैसे कदम शामिल हैं।
