मदुरै, वायरल सच (ब्यूरो): केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था है और आने वाले वर्षों में वैश्विक आर्थिक विकास में देश का योगदान लगभग एक-छठा होने का अनुमान है। उन्होंने युवाओं और उद्यमियों से नवाचार, जोखिम उठाने और अवसरों का लाभ उठाकर भारत की वैश्विक हिस्सेदारी को और बढ़ाने का आह्वान किया।
मदुरै में आयोजित यंग इंडियंस फाइनेंशियल इंडिपेंडेंस (YIFI) समिट 2026 के विशेष पूर्ण अधिवेशन को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा बन चुका है। उन्होंने बताया कि डीपीआईआईटी से मान्यता प्राप्त 2.4 लाख से अधिक स्टार्टअप अब तक 23 लाख से ज्यादा प्रत्यक्ष रोजगार सृजित कर चुके हैं।
सीतारमण ने कहा कि भारत के पास दुनिया की सबसे युवा कार्यबल है, जो देश की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने कहा कि भारत में 2,100 से अधिक ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) कार्यरत हैं, जो अब केवल महानगरों तक सीमित नहीं रहे बल्कि अन्य शहरों तक भी विस्तार कर चुके हैं।
वित्त मंत्री ने भारत के डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर की सराहना करते हुए कहा कि यह अब वैश्विक स्तर पर एक मानक बन चुका है। उन्होंने बताया कि यूपीआई (UPI) के माध्यम से हर महीने 20 अरब से अधिक डिजिटल लेन-देन हो रहे हैं, जिससे देश में डिजिटल अर्थव्यवस्था को नई गति मिली है।
उन्होंने कहा कि भारत में प्रतिभा और अवसरों के बीच मौजूद बाधाएं तेजी से कम हो रही हैं और यह समय युवाओं के लिए नए विचारों, नवाचार और उद्यमिता के जरिए वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बनाने का है।
