गुरुग्राम, वायरल सच (ब्यूरो): गुरुग्राम स्थित मेदांता मेडिसिटी अस्पताल में भर्ती सोनम वांगचुक के समर्थन में बुधवार को समाजवादी पार्टी के दो नेता अस्पताल परिसर में धरने पर बैठ गए। तीन स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था के बावजूद दोनों नेता सुरक्षाकर्मियों को चकमा देकर अस्पताल के अंदर पहुंच गए, जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए।
जानकारी के अनुसार, सोनम वांगचुक को मंगलवार शाम दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल से मेदांता मेडिसिटी, गुरुग्राम स्थानांतरित किया गया था। लंबे समय से अनशन पर रहने के कारण उनकी तबीयत बिगड़ने पर उन्हें विशेष चिकित्सा निगरानी में रखा गया है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार उनकी हालत स्थिर है और डॉक्टरों की टीम लगातार उपचार में जुटी हुई है।
धरने पर बैठे नेताओं में कामेश्वर भी शामिल थे, जिन्होंने वर्ष 2022 में वाराणसी दक्षिण विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा था। दोनों नेता हाथों में बैनर और तख्तियां लेकर अस्पताल परिसर में बैठे। सूचना मिलने पर गुरुग्राम सदर थाना पुलिस की कई टीमें मौके पर पहुंचीं, लेकिन तब तक दोनों वहां से जा चुके थे।
घटना के बाद मेदांता अस्पताल की सुरक्षा और कड़ी कर दी गई है। अब अस्पताल में प्रवेश के लिए पहचान पत्र (आईडी) और आने का स्पष्ट कारण बताना अनिवार्य कर दिया गया है। अस्पताल में तीन स्तर की सुरक्षा व्यवस्था लागू है, जिसमें मुख्य द्वार, संबंधित भवन और जिस फ्लोर पर सोनम वांगचुक भर्ती हैं, वहां हरियाणा पुलिस, दिल्ली पुलिस और अस्पताल सुरक्षा कर्मी तैनात हैं।
सूत्रों के अनुसार, केंद्र सरकार की ओर से सोनम वांगचुक से बातचीत की पहल भी की गई है। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह मंगलवार रात उनसे मिलने अस्पताल पहुंचे थे। वहीं, विपक्षी सांसदों के एक प्रतिनिधिमंडल के भी जल्द मेदांता अस्पताल पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
