Gurugram, वायरल सच (ब्यूरो): Gurugram के तेजी से विकसित हो रहे नए सेक्टरों में सड़क नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में हरियाणा सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। सेक्टर-81 से 86 और सेक्टर-104 में प्रस्तावित 24 मीटर चौड़ी सड़कों के निर्माण का रास्ता साफ करने के लिए करीब 10.61 एकड़ जमीन के अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
सरकार ने फिलहाल सामाजिक प्रभाव आकलन (SIA) की प्रक्रिया शुरू की है। इसका उद्देश्य प्रस्तावित सड़क परियोजना के लिए जरूरी जमीन के अधिग्रहण से होने वाले सामाजिक प्रभाव का अध्ययन करना है।
24 मीटर चौड़ी सड़कों के लिए जमीन चिन्हित
शहरी संपदा विभाग की ओर से 30 सितंबर को जारी अधिसूचना के अनुसार, गुरुग्राम-मानेसर शहरी परिसर में प्रस्तावित 24 मीटर चौड़ी सड़कों के निर्माण के लिए संबंधित जमीन की जरूरत है या भविष्य में पड़ सकती है।
इसी आधार पर भूमि अधिग्रहण, पुनर्वास और पुनर्स्थापन में उचित मुआवजा एवं पारदर्शिता के अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 4(1) के तहत प्रक्रिया शुरू की गई है।
42,939 वर्ग मीटर जमीन का प्रस्ताव
अधिसूचना के मुताबिक प्रस्तावित सड़क नेटवर्क के लिए कुल 42,939.66 वर्ग मीटर यानी करीब 10.61 एकड़ जमीन चिन्हित की गई है।
यह जमीन नवादा फतेहपुर, लखनौला, शिकोहपुर, सीही, बढ़ा, गुरुग्राम और धनवापुर समेत कई गांवों में स्थित है।
किन सेक्टरों में कितनी जमीन ?
प्रस्तावित Gurugram 24 मीटर सड़क नेटवर्क में अलग-अलग सेक्टरों के लिए जमीन चिन्हित की गई है।
- सेक्टर-81: नवादा फतेहपुर और लखनौला
- सेक्टर-82: शिकोहपुर
- सेक्टर-83 और 84: सीही
- सेक्टर-85: बढ़ा
- सेक्टर-86: नवादा फतेहपुर
- सेक्टर-104: कई बड़े भूखंड
सेक्टर-104 में प्रस्तावित सड़क नेटवर्क के लिए 4,794.72 वर्ग मीटर के एक भूखंड के अलावा 454.44, 2,456.83 और 4,289.28 वर्ग मीटर के भूखंड भी चिन्हित किए गए हैं।
HSIIDC करेगा सामाजिक प्रभाव का अध्ययन
हरियाणा सरकार ने हरियाणा राज्य औद्योगिक एवं आधारभूत संरचना विकास निगम (HSIIDC) को सामाजिक प्रभाव आकलन इकाई नियुक्त किया है।
निगम प्रस्तावित भूमि अधिग्रहण के सामाजिक प्रभाव का अध्ययन करेगा और इसके साथ सामाजिक प्रभाव प्रबंधन योजना भी तैयार करेगा। राजपत्र में अधिसूचना प्रकाशित होने के छह महीने के भीतर यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
नए सेक्टरों की कनेक्टिविटी को मिलेगा फायदा
Gurugram के नए सेक्टरों में लगातार बढ़ते आवासीय और व्यावसायिक विकास के बीच बेहतर सड़क नेटवर्क की जरूरत लंबे समय से महसूस की जा रही है। 24 मीटर चौड़ी सड़कों का निर्माण होने से इन सेक्टरों के बीच कनेक्टिविटी मजबूत होने की उम्मीद है।
भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया आगे बढ़ने के बाद सड़क परियोजनाओं के निर्माण की दिशा में अगला रास्ता साफ हो सकता है।
