Gurugram, वायरल सच (ब्यूरो): Gurugram में 28 अक्टूबर से डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण की नई व्यवस्था शुरू होने जा रही है। नगर निगम Gurugram ने शहर में कचरा संग्रहण और परिवहन के लिए पांच वर्ष की अवधि का दीर्घकालिक टेंडर आवंटित किया है। इसमें दो वर्ष तक विस्तार का प्रावधान भी रखा गया है। नई व्यवस्था के तहत दोनों क्लस्टरों में कुल 875 वाहनों की तैनाती की जाएगी। इससे शहर में घर-घर से कचरा उठाने, सड़कों की सफाई और कचरे के परिवहन की व्यवस्था को बेहतर बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
दो कंपनियों को सौंपी गई जिम्मेदारी
Gurugram नगर निगम ने डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण और परिवहन के लिए क्लस्टर-1 में मैसर्स दिल्ली एमएसडब्ल्यू सॉल्यूशंस लिमिटेड तथा क्लस्टर-2 में मैसर्स बीवीजी इंडिया लिमिटेड को जिम्मेदारी सौंपी है। दोनों क्लस्टरों के लिए कुल 875 वाहनों की व्यवस्था की गई है।
इन वाहनों में 675 लाइट कमर्शियल वाहन (एलसीवी), 184 ई-रिक्शा और 16 कॉम्पैक्टर शामिल हैं। वाहनों की तैनाती 28 अक्टूबर से शुरू करने की योजना है। पहले चरण में 100 वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके बाद निर्धारित योजना के अनुसार वाहनों की संख्या बढ़ाई जाएगी।
फिलहाल आठ जोन में 591 वाहनों से हो रहा कचरा संग्रहण
नई दीर्घकालिक व्यवस्था पूरी तरह शुरू होने तक नगर निगम Gurugram के आठ जोन में अंतरिम व्यवस्था के तहत 591 वाहनों से डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण और परिवहन करा रहा है। इसके अतिरिक्त सफाई कार्यों के लिए 1,673 कर्मचारी, 47 ट्रैक्टर-ट्रालियां और छह जेसीबी तैनात हैं। शहर की सड़कों की सफाई के लिए 25 मैकेनिकल रोड स्वीपिंग मशीनें भी उपलब्ध हैं।
Gurugram नगर निगम की नई व्यवस्था का उद्देश्य कचरा संग्रहण और परिवहन को व्यवस्थित करना तथा सफाई सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाना है। हालांकि, इसका वास्तविक असर वाहनों की समय पर तैनाती, नियमित कचरा उठाने और निगरानी व्यवस्था पर निर्भर करेगा।
मंत्री राव नरबीर सिंह ने सफाई व्यवस्था की समीक्षा की
हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने नगर निगम Gurugram के अधिकारियों को शहर की सफाई व्यवस्था बेहतर बनाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सड़कों की डीप क्लीनिंग और पानी का छिड़काव सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया, ताकि धूल और प्रदूषण को नियंत्रित करने में मदद मिल सके।
मंत्री सोमवार को गुरुग्राम के लोक निर्माण विभाग विश्राम गृह में नगर निगम Gurugram के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में शहर की सफाई, कचरा संग्रहण, बंधवाड़ी लैंडफिल साइट पर लीगेसी वेस्ट के निस्तारण, सड़क सुधार कार्यों और नागरिक शिकायतों की स्थिति की समीक्षा की गई।
बंधवाड़ी में 42.95 लाख मीट्रिक टन कचरे का निस्तारण
बंधवाड़ी लैंडफिल साइट पर पुराने कचरे के निस्तारण की समीक्षा के दौरान अधिकारियों ने बताया कि 20 अक्टूबर 2026 तक कुल 58.50 लाख मीट्रिक टन कचरा पहुंचा था। इसमें से 42.95 लाख मीट्रिक टन कचरे का निस्तारण किया जा चुका है, जबकि शेष 15.55 लाख मीट्रिक टन कचरे का निस्तारण किया जाना बाकी है।
अधिकारियों के अनुसार, 16.80 लाख मीट्रिक टन कचरे के निस्तारण के लिए 151.20 करोड़ रुपये के अनुबंध किए गए हैं। इसके अतिरिक्त 8.50 लाख मीट्रिक टन कचरे के निस्तारण के लिए 61.71 करोड़ रुपये का प्रस्ताव अनुमोदन के लिए भेजा गया है।
बंधवाड़ी में जमा पुराने कचरे का निस्तारण Gurugram की सफाई व्यवस्था के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती बना हुआ है। पुराने कचरे के निस्तारण के साथ शहर में प्रतिदिन निकलने वाले कचरे का समय पर संग्रहण और उचित प्रबंधन भी जरूरी है।
24-आवर चैलेंज में 774 शिकायतें लंबित
बैठक में नागरिक शिकायतों के निस्तारण और सड़क सुधार परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि 24-आवर चैलेंज के तहत मिली 3,815 शिकायतों में से 3,041 का निस्तारण किया जा चुका था, जबकि 774 शिकायतें लंबित थीं।
वहीं, 100 रोड्स चैलेंज के तहत कार्य की भौतिक प्रगति 29.3 प्रतिशत दर्ज की गई। 10 आइकॉनिक रोड्स परियोजना की प्रगति 35.8 प्रतिशत रही। इन परियोजनाओं के तहत सड़क सुधार और संबंधित कार्यों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया।
223.90 किलोमीटर सड़क का पुनर्विकास पूरा
वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने और सड़कों की स्थिति सुधारने के लिए सीएक्यूएम के तहत प्रस्तावित 396 किलोमीटर सड़क पुनर्विकास कार्य की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों के अनुसार, इसमें से 223.90 किलोमीटर सड़क का काम पूरा हो चुका था।
सड़क पुनर्विकास के साथ नियमित सफाई, धूल हटाने और पानी के छिड़काव जैसे उपायों को प्रभावी ढंग से लागू करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। शहर में बढ़ते यातायात और निर्माण गतिविधियों के बीच सड़कों की सफाई को प्रदूषण नियंत्रण के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
स्वच्छता और प्रदूषण नियमों के उल्लंघन पर 2.68 करोड़ रुपये के चालान
Gurugram नगर निगम की ओर से स्वच्छता और प्रदूषण फैलाने वालों के खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी भी बैठक में दी गई। अधिकारियों के मुताबिक, 1 जनवरी से 23 अक्टूबर 2026 तक कुल 12,914 चालान किए गए। इन चालानों की कुल राशि लगभग 2.68 करोड़ रुपये रही।
Gurugram नगर निगम का उद्देश्य स्वच्छता नियमों का पालन सुनिश्चित करना और खुले में कचरा डालने, गंदगी फैलाने तथा प्रदूषण से जुड़े उल्लंघनों पर कार्रवाई करना है। अधिकारियों को सफाई व्यवस्था की नियमित निगरानी करने और नागरिक शिकायतों का समय पर समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
समीक्षा बैठक में निगमायुक्त प्रदीप दहिया, अतिरिक्त निगमायुक्त अंकिता चौधरी, यश जालुका और रविंद्र यादव, चीफ इंजीनियर विजय ढाका तथा संयुक्त आयुक्त डॉ. प्रीतपाल सिंह सहित नगर निगम के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
नई डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था के शुरू होने से गुरुग्राम में सफाई सेवाओं को व्यवस्थित करने की उम्मीद है। अब इसकी सफलता वाहनों की समयबद्ध तैनाती, नियमित कचरा संग्रहण, सड़कों की सफाई और लंबित शिकायतों के निस्तारण पर निर्भर करेगी।
